सकारात्मक सोच (Positive Thinking) क्यों जरुरी है? जानिए इसके अनेक लाभ

Sakaratmak Soch Ke Fayde

मेरे प्यारे दोस्तों, आपने अक्सर सकारात्मक सोच (Positive Thinking) के बारे में सुना और पढ़ा ही होगा। आखिर क्या है सकारात्मक सोच? और क्युँ कहा जाता है कि हमें हमेशा अपनी सोच को सकारात्मक रखना चाहिए।

यहाँ मैं आपको बताना चाहूँगा कि हमारी एक सोच ही हमें जीवन में कामयाब और नाकामयाब बनाती है। एक अच्छी सोच रख कर हम अपने जीवन में निरंतर आगे बढ़ सकते हैं और यदि हमारी सोच ही सही नहीं है तो लाख प्रयत्न करने पर भी हम जीवन में आगे नहीं निकल सकते।

सकारात्मक सोच के फायदे और लाभ – Sakaratmak Soch Ke Fayde Aur Labh – Benefits of Positive Thinking


सफलता के लिए हमेशा अग्रसर रहना – Ready For Success

सकारात्मक सोच (Sakaratmak Soch) के साथ हम हमेशा सफलता हासिल करते हैं और उसके लिए हमेशा तैयार भी रहते हैं। कार्य कोई भी हो छोटा या बड़ा इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। पर सकारात्मक सोच के साथ हम हमेशा ही आगे बढ़ते रहते हैं। हम कुछ भी करते रहें लेकिन हर वक़्त हमारे अंदर अपने लक्ष्य को हासिल करने का जूनून रहता है। हमारे मन से कभी भी हमारा लक्ष्य दूर नहीं होता। हमारे मन में हमेशा एक उम्मीद रहती है की हम अपने लक्ष्य को हासिल कर सकते हैं।

सदैव खुश रहना सीखाती है – Always Happy

हमारी एक सकारात्मक सोच हमें हमेशा आनंद से भरा रख सकती है जबकि एक नकारात्मक सोच (Nakaratmak Soch) बहुत दुखी और परेशान करती है। हम जो भी करते हैं उसमें हम हमेशा खुश रहते हैं। दोस्तों, यदि हम हर समय अच्छा सोचेंगे तो सदैव अच्छा ही होगा। हम जब भी किसी से मिलते हैं तो हम ख़ुशी से ही मिलते हैं जिससे हमारा रिश्ता और भी मजबूत होता है। सामने वाला इंसान भी हम से मिल कर खुश ही होता है और यह सच भी है की चाहे कोई भी हो हम हमेशा खुश रहने वाले से ही मिलना चाहते हैं।

दृढ़ विश्वास की शक्ति – Power of Belief

सकारात्मक सोच हमारे भीतर दृढ़ विश्वास की शक्ति को जन्म देती है। सबसे पहले हमारे अंदर किसी भी कार्य को करने का एक ख्याल, एक सोच ही उत्पन्न होती है और हमारी सकारात्मक सोच से वह दृढ़ विश्वास का रूप धारण करती है अर्थात जो हमने सोचा है हम उस कार्य को करने में सफल भी होते हैं। जब तक हमारे अंदर दृढ़ विश्वास नहीं होगा की हम इस कार्य को कर सकते हैं तब तक कोई भी कार्य हमारे लिए असंभव ही होगा। सकारात्मक सोच कभी हमारे दृढ़ विश्वास को कमजोर नहीं होने देती जिससे हमारे अंदर बहुत आत्मविश्वास बना रहता है।

आत्मविश्वास से भरे रहना – Full of Self Confidence

आत्मविश्वास का होना हमारे अंदर बहुत ही जरुरी है। सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास (Positive Thinking and Self Confidence) दोनों साथ-साथ ही चलते हैं। सकारात्मक सोच से हमारे अंदर आत्मविश्वास अपने आप ही जन्म ले लेता है और आत्मविश्वास से भरे हुए इंसान को हरा पाना बहुत ही मुश्किल होता है।

सभी का प्रिय होना

सकारात्मक सोच हमें सभी का प्रिय भी बना सकती है। आपने अक्सर ही देखा होगा की सभी लोग उस व्यक्ति के पास जाना या साथ रहना पसंद करते हैं जो सदा ही अच्छी और सकारात्मक बातें करता हो। जिससे बात करने से हमें ऊर्जा मिलती हो और हमारा मन शांत होता हो। इसलिए यदि हम सकारात्मक सोच रखते हैं तो सभी हमें अपना मित्र बनाना चाहते हैं। एक सकारात्मक सोच का मालिक इंसान कभी भी किसी दूसरे व्यक्ति से निराशा भरी बात नहीं करता और अगर कोई निराश है भी तो वह उसके सकारात्मक भरी बातों से ऊर्जावान बना देता है जिसकी वजह से वह उस व्यक्ति और उसके उसको जानने वालों का प्रिय बन जाता है। सभी का प्रिय व्यक्ति हमेशा भगवान् का भी प्रिय होता है।

बुरे समय से लड़ने की शक्ति

साथियों हम सभी के जीवन में कभी न कभी बुरा समय या फिर अगर कहें तो संघर्ष का समय ज़रूर आता है और जब यह आता है तो हमारी बुद्धि काम करना बंद कर देती है। हमे ऐसे लगता है की मानो जैसे की सब कुछ खत्म हो गया है और अब कभी भी कुछ ठीक नहीं होने वाला है। तो ऐसे में हमारी एक सकारात्मक सोच ही है जो हमें हर परिस्थिति से लड़ने की शक्ति देती है। सकारात्मक सोच होने से हम ऐसे समय में भी हर फैसला सोच समझ कर ले सकते हैं जो कि हमारे लिए सदैव ही उपयोगी सिद्ध होता है। हम अपने ऊपर उस संघर्ष वाले समय को हावी नहीं होने देते और बड़ी से बड़ी मुश्किल में भी आराम से काम लेते हैं। ऐसा महसूस करते हैं कि सब कुछ ठीक है। सकारात्मक सोच में बहुत ही ताकत है।

सोचे गए कार्य को करने की क्षमता

जिस कार्य को हम एक बार सोच लेते हैं कि हमें यह कार्य करना है फिर हमारी सकारात्मक सोच ही हमें उस कार्य को करने कि क्षमता भी देती है। फिर चाहे वह कार्य कितना भी कठिन ही क्युँ न हो। क्योंकि सबसे पहले तो हमारे लिए कुछ सोचना ही बहुत आसान नहीं होता है सोचने के लिए पहले तो बहुत हिम्मत चाहिए होती है। फिर उस काम को कर पाना उतना ही कठिन। परन्तु सकारात्मक सोच एक ऐसी चाबी है जिससे किसी भी कठिन कार्य का ताला खोला जा सकता है और वह भी बिना किसी बड़ी उलझन के। आपको हमेशा याद रहे कि किसी भी अच्छे और बड़े कार्य में बाधाओं का आना लाज़मी है। अगर कोई बाधा नहीं तो समझ लेना कि आपका कार्य भी बड़ा नहीं।

दूसरों के लिए प्रेरणा बनना

यह हमारे लिए बहुत ही सौभाग्य कि बात होती है जब हम किसी दूसरे के लिए उसके जीवन में प्रेरणा बनते हैं। हमारी सकारात्मक सोच अगर किसी के जीवन में प्रकाश कर सकती है तो इससे ज़्यादा अच्छा हमारे लिए और क्या हो सकता है। इसलिए हमें खुद हो हमेशा सकारात्मक रखने कि ज़रूरत है क्या पता कब किसी का भला हो जाए। फिर वह कहते हैं न कि अगर आप किसी का भला करोगे तो आपका भला तो होना ही है।

दोस्तों, तो देखा आपने सकारात्मक सोच के कितने लाभ हैं। मैं बस यही चाहता हूँ की आप सब भी सदैव सकारात्मक ही रहें और निरंतर अपने जीवन में आगे बढ़ते रहें। मैंने यहाँ अपनी सकारात्मक सोच की आत्मकथा (Autobiography of Positive Thinking) आपके साथ साँझा की है। कृप्या इसे भी ध्यान से पढ़ें।

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